आवासीय पट्टा पाकर 80 वर्षीय समनी बैगा की आंखे छलक उठी

    80 वर्ष की उम्र तक अवैध रूप से झोपड़ी बनाकर शहडोल नगर पालिका के वार्ड नम्बर-6 में निवास करने वाली श्रीमती समनी बैगा के आंखों से उस समय खुशी के आंसू छलक उठे जब स्थानीय नगर पालिका के मानस भवन में विधायक श्रीमती प्रमिला सिंह, कलेक्टर श्री नरेश पाल, नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती उर्मिला कटारे एवं पार्षदों की उपस्थिति में श्रीमती समनी बाई का नाम भूमिहीनों को आवासीय पट्टा उपलब्ध कराने के लिये आमंत्रित किया गया। 
    श्रीमती समनी बाई का जीवन संघर्ष पूर्ण रहा। मजदूरी करके जीवन यापन करने वाले इस परिवार में गम और खुशी के दौर आते रहे। 40 वर्ष पहले पति श्री मगना बैगा की मृत्यु हो गई थी। उनके तीन बच्चे थे, उनकी भी मृत्यु हो गई। समनी बाई ने जीवन में हार नहीं मानी, उन्होने अपने पोतों का पालन-पोषण किया। अब ये पोते अपने दादी का पूरा ख्याल रख रहे हैं। समनी बाई ने बताया कि अवैध रूप से झोपड़ी बनाकर रहने के दौरान सदैव यह भय बना रहता था कि कभी भी अतिक्रमण अभियान के तहत यह झोपड़ी तोड़ दी जायेगी। तब अनाथ बच्चों के साथ कहां शरण पाऊंगी। प्रदेश सरकार ने इन गरीबों की समस्याओं को समझा है तथा भूमिहीन परिवारों को आवासीय भूमि का पट्टा दिलाकर गरीबों के प्रति अपनी हमदर्दी जाहिर की है। इतना ही नहीं आवास बनाने के लिये प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत चयन कर लिया गया है, प्रथम किश्त के रूप में 40 हजार रूपये मिल गये हैं जिससे नींव स्तर का कार्य भी पूरा कर लिया है। अब अपने सपनों के आवास को पूरा करने हेतु द्वितीय एवं तृतीय किश्त का इंतजार है। 

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